BREAKING NEWS:
  • Tuesday, 18 Jun, 2019
  • 2:31:46 AM

तंबाकू दिवस विशेष: सख्त कानून से स्वस्थ होगा भारत, सरकार का फोकस क्लीयर

चंडीगढ़। केंद्रीय मंत्रिमंडल ने तम्बाकू उत्पादों में अवैध व्यापार को समाप्त करने के लिए तम्बाकू नियंत्रण पर डब्ल्यूएचओ रूपरेखा समझौते के अंतर्गत प्रोटोकॉल स्वीकार करने की स्वीकृति दी है।  प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में केन्द्रीय मंत्रिमंडल ने तम्बाकू उत्पादों में अवैध व्यापार को समाप्त करने के लिए तम्बाकू नियंत्रण पर विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के रूपरेखा समझौते के अंतर्गत प्रोटोकॉल को स्वीकार करने की स्वीकृती दी है। यह ध्रूमपान और तम्बाकू चबाने या धुआं रहित तम्बाकू (एसएलटी) रूपों में तम्बाकू नियंत्रण पर विश्व स्वास्थ्य संगठन की रूपरेखा समझौते की धारा 15 के अंतर्गत समझौता वार्ता (डब्ल्यूएचओ एफसीटीसी) और अंगीकार रूप में लागू होगा। भारत डब्लूयएचओ एफसीटीसी समझौतें में शामिल है। प्रोटोकॉल में विभिन्न पक्षों के दायित्व निर्धारित किए गए हैं। इसमें कहा गया है कि सप्लाई चैन नियंत्रण उपाय सभी पक्षों द्वारा अपनाए जाने चाहिए। इन उपायों में तम्बाकू उत्पाद बनाने के लिए लाइसेंस, तम्बाकू बनाने के लिए मशीनीरी, उत्पादन में शामिल पक्षों के लिए उचित उद्यम, ट्रैकिंग और ट्रैसिंग व्यवस्था, रिकॉर्ड कीपिंग और सुरक्षा शामिल हैं। ई-कॉमर्स, मुक्त व्यापार क्षेत्रों में निर्माण, तथा शुल्क मुक्त बिक्री में शामिल पक्षों द्वारा कदम उठाए जाएंगे।
 
प्रोटोकॉल में अपराधों, जब्ती तथा जब्त उत्पादों के निस्तारण जैसे प्रवर्तन उपायों को शामिल किया गया है। इसमें सूचना साझा करने, गोपनीयता बनाए रखने, प्रशिक्षण, वैज्ञानिक तथा तकनीकी और प्रौद्योगिकी मामलों में तकनीकी सहायता और सहयोग के लिए अंतर्राष्ट्रीय सहयोग का प्रावधान किया गया है।  नियमों को मजबूत बनाने से तम्बाकू उत्पाद में अवैध व्यापार की समाप्ति से व्यापक तम्बाकू नियंत्रण को मजबूत बनाने में मदद मिलेगी और इससे तम्बाकू उत्पादों का इस्तेमाल कम होगा और परिणामस्वरूप बीमारी बोझ में कमी आएगी और तम्बाकू के इस्तेमाल के कारण होने वाली मृत्यु में भी कमी होगी। ऐसी संधि को मान लेने से सार्वजनिक स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव डालने वाले वर्तमान व्यवहारों के विरुद्ध कार्रवाई योग्य विकल्प उपलब्ध होंगे। भारत तम्बाकू नियंत्रण के क्षेत्र में अग्रणी है और ऐसे अवैध व्यवहार को नियंत्रित करने में विश्व सीमा शुल्क संगठन सहित अंतर्राष्ट्रीय संगठनों को प्रभावित करने में समक्ष होगा।
 
तम्बाकू के खिलाफ वैश्विक कार्रवाई को मजबूत बनाने में तम्बाकू उत्पाद में अवैध व्यापार की समाप्ति से संबंधी प्रोटोकॉल पथ प्रदर्शक पहल है और सार्वजनिक स्वास्थ्य में नया कानूनी उपाय भी है। यह तम्बाकू उत्पादों में अवैध व्यापार का मुकाबला करने और उसे समाप्त करने तथा अंतर्राष्ट्रीय स्वास्थ्य सहयोग के लिए कानूनी पहलुओं को मजबूत बनाने का व्यापक औजार है। तम्बाकू नियंत्रण पर विश्व स्वास्थ्य संगठन समझौता (डब्ल्यूएचओ एफसीटीसी) डब्ल्यूएचओ के तत्वाधान में की गई पहली अंतर्राष्ट्रीय सार्वजनिक स्वास्थ्य संधि है। एफसीटीसी का उद्देश्य राष्ट्रीय, क्षेत्रीय तथा वैश्विक स्तर पर तम्बाकू नियंत्रण के लिए आपूर्ति मांग कटौती उपायों की रूपरेखा उपलब्ध कराना है।
 
डब्ल्यूएचओ एफसीटीसी की धारा 15 में शामिल प्रमुख तम्बाकू आपूर्ति कटौती रणनीति में सभी तरह के अवैध व्यापार यानी तस्करी, अवैध निर्माण तथा जालसाजी सहित सभी तरह के अवैध व्यापार की समाप्ति की परिकल्पना की गई है। इसी के अनुरूप यह प्रोटोकॉल  विकसित किया गया है और सम्मेलन में शामिल पक्षों (सीओपी) द्वारा अपनाया गया है। सीओपी एफसीटीसी की गवर्निंग बॉडी है। प्रोटोकॉल दस भागों में विभाजित है और इसमें 47 धाराएं है।



Responses

Related News

अपने टॉप रिसर्चरो को विदेशों से बुलाए भारत तभी पेटेंट में कर सकेंगे चीन का मुकाबला

अपने टॉप रिसर्चरो को विदेशों से बुलाए भारत तभी पेटेंट में कर सकेंगे चीन का मुकाबला

पंडित भगवत दयाल शर्मा स्वास्थ्य विज्ञान विश्वविद्यालय के आईक्यूएसी द्वारा सोमवार को लैक्चर थियेटर वन में पेटेंट विषय पर एक दिवसीय सेमिनार का आयोजन करवाया गया। सेमिनार का शुभारंभ डीन डॉ. सरिता मग्गू, डॉ.एम.सी. गुप्ता व फार्मेसी कालेज के प्राचार्य डॉ. गजेंद्र सिंह ने दीप प्रज्जवलित करके किया। मंच का संचालन डॉ. एम.सी. गुप्ता ने किया। इस अवसर पर चिकित्सकों को संबोधित करते हुए डॉ. सरिता मग्गू ने कहा कि डॉ. गजेंद्र सिंह कोर्डिनेटर आईक्यूएसी द्वारा आज जो यह सेमिनार आयोजित करवाया गया है, उसका विषय बहुत ही सराहनीय है। उन्होंने कहा कि हम जो कुछ नया करते हैं, हमें उसके बारे में पता होना चाहिए कि उसको पेटेंट कैसे करवाया जा सकता है।

डॉ. मल्होत्रा के प्रयासों को बिगबी बच्चन ने भी सराहा, रहेंगे साथ

डॉ. मल्होत्रा के प्रयासों को बिगबी बच्चन ने भी सराहा, रहेंगे साथ

हरियाणा सरकार द्वारा काले पीलिये के खिलाफ चलाई जा रही महत्वाकांक्षी योजना जीवन रेखा को आइडिल मानते हुए राष्ट्रीय वायरल हैपेटाइटिस प्रोग्राम शुरू किया गया है। अब इस मुहिम से सुप्रसिद्व अभिनेता अमिताभ बच्चन भी जुड गए हैं, उन्हें डब्लूएचओ की तरफ से गुडविल ब्रांड अम्बेसडर बनाया गया है। इसके लिए 24 फरवरी को विधिवत मुम्बई में कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में हरियाणा की तरफ से पीजीआईएमएस के गैस्ट्रोएंट्रोलॉजिस्ट विभागाध्यक्ष डॉ. प्रवीण मल्होत्रा को विशेष रूप से आमंत्रित किया गया था।

वैज्ञानिको का आधुनिक आविष्कार अब फैट के टिश्यू से बन सकेंगे प्लेटलेट्स

वैज्ञानिको का आधुनिक आविष्कार अब फैट के टिश्यू से बन सकेंगे प्लेटलेट्स

जापान की कीयो यूनिवर्सिटी के शोधकर्ता यमिको मत्सुबरा के नेतृत्व किये गए अध्ययन में यह साबित हुआ है की एक स्टेम सेल लाइन बनाने में फैट टिश्यू का उपयोग किया जा सकता है। इससे महज 12 दिनो को प्रक्रिया में प्लेटलेट्स को तैयार किया जा सकता है। शोधकर्ताओं ने यह भी सत्यापित किया है की प्रयोगशाला में तैयार किये गए प्लेटलेट्स प्राकृतिक प्लेटलेट्स की तरह सतह पर प्रोटीन और ग्रेन्यूल पाए गए है। ग्रेन्यूल खून को ज़माने की प्रक्रिया में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते है।

दक्षता फाउंडेशन ने आयोजित किया शिविर

दक्षता फाउंडेशन ने आयोजित किया शिविर

एस.जी.एम. नगर स्थित ज्ञान डीप पब्लिक स्कूल में दक्षता फाउंडेशन द्वारा निशुल्क चिकित्सा शिविर का आयोजन किया गया शिविर के आयोजन में फाउंडेशन में कार्ययत फार्मासिस्टों का रचनात्मक सहयोग रहा इस अवसर पर मुख्य अतिथि बीजेपी विधायिका सीमा त्रिखा रहीं व विशिष्ट अतिथि के रूप में सामाजिक कार्यकर्ता देव सिंग गोसाई, दत्ता ,श्रीकांत रहें।शिविर में एसोसिएट सदस्य समाजिक कार्यकर्ता मोनिका शर्मा व राजेश वशिष्ठ प्रेसिडेंट एस. एस. एफ रहें।